Live Updates
CM भगवंत सिंह मान को निशाना बनाने वाली फर्जी वीडियो फैलाकर अकाली दल की पंथ विरोधी और पंजाब विरोधी गतिविधियों के खिलाफ आप ने प्रदेश स्तरीय प्रदर्शन कियाPunjab भर में 6.91 लाख से अधिक महिलाओं को मिल रही आर्थिक सुरक्षा एवं सहायताPunjab सरकार द्वारा 2,437 अप्रेंटिस ट्रेनिज़ को PSPCL में सहायक लाइनमैन के रूप में भर्ती करने का निर्णय: हरपाल सिंह चीमामोदी सरकार के 12 साल आजाद भारत के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में लिखे जाएंगे: अमित शाहPSPCL में 2,437 युवाओं को मिलेगी नियुक्ति, पंजाबी भाषा परीक्षा पास करना होगा अनिवार्य: हरपाल चीमाNEET परीक्षा से पहले अरविंद केजरीवाल ने बढ़ाया छात्रों का हौसला, कहा- शांत दिमाग से दें परीक्षापंजाब सरकार ने करोड़ों रुपये के बकाया की वसूली के लिए वैट और जीएसटी डिफॉल्टरों की संपत्तियों की नीलामी शुरू की: हरपाल सिंह चीमाCM भगवंत सिंह मान को निशाना बनाने वाली फर्जी वीडियो फैलाकर अकाली दल की पंथ विरोधी और पंजाब विरोधी गतिविधियों के खिलाफ आप ने प्रदेश स्तरीय प्रदर्शन कियाPunjab भर में 6.91 लाख से अधिक महिलाओं को मिल रही आर्थिक सुरक्षा एवं सहायताPunjab सरकार द्वारा 2,437 अप्रेंटिस ट्रेनिज़ को PSPCL में सहायक लाइनमैन के रूप में भर्ती करने का निर्णय: हरपाल सिंह चीमामोदी सरकार के 12 साल आजाद भारत के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में लिखे जाएंगे: अमित शाहPSPCL में 2,437 युवाओं को मिलेगी नियुक्ति, पंजाबी भाषा परीक्षा पास करना होगा अनिवार्य: हरपाल चीमाNEET परीक्षा से पहले अरविंद केजरीवाल ने बढ़ाया छात्रों का हौसला, कहा- शांत दिमाग से दें परीक्षापंजाब सरकार ने करोड़ों रुपये के बकाया की वसूली के लिए वैट और जीएसटी डिफॉल्टरों की संपत्तियों की नीलामी शुरू की: हरपाल सिंह चीमा
1 min read

श्री गुरु गोबिंद सिंह जी का प्रकाश पर्व:अमृतसर में साहिबजादों की शहादत को याद किया, मानवता के लिए किया था बलिदान

आज सरबंस दानी, खालसा पंथ के सृजनकर्ता और अमृत के दाता, दशम पातशाह श्री गुरु गोबिंद सिंह जी महाराज का प्रकाश पर्व पूरी श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाया जा रहा है। इस पावन अवसर पर सच्चखंड श्री दरबार साहिब अमृतसर में देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु नतमस्तक हो रहे हैं और सरबत के भले के लिए अरदास कर रहे हैं।

यह दिन इसलिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि इन्हीं दिनों में गुरु साहिब के चार साहिबजादों – बाबा अजीत सिंह जी, बाबा जुझार सिंह जी, बाबा जोरावर सिंह जी और बाबा फतेह सिंह जी के शहीदी दिवस भी मनाए जाते हैं। कम उम्र में अत्याचार के सामने डटकर खड़े होने वाले साहिबजादों ने यह सिद्ध कर दिया कि सबसे बड़ा धर्म मानवता है। इसी कारण वातावरण भावुक और वैराग्य पूर्ण बना हुआ है।

गुरु साहिब का संघर्ष केवल ज़ुल्म के खिलाफ था

हजूरी रागी भाई जुहार सिंह जी ने संगत को संबोधित करते हुए कहा कि गुरु गोबिंद सिंह जी का संघर्ष किसी धर्म या कौम के विरुद्ध नहीं, बल्कि केवल ज़ुल्म के खिलाफ था। उन्होंने अपना पूरा परिवार मानवता की रक्षा के लिए कुर्बान कर दिया। आज आवश्यकता है कि हम उनकी शिक्षाओं और गुरबाणी को अपने जीवन में अपनाएं।

संगतों के दर्शन-दीदार के लिए जलो साहिब भी सजाए गए
संगतों के दर्शन-दीदार के लिए जलो साहिब भी सजाए गए

आतिशबाजी नहीं, दीपमाला के माध्यम से मनाया गया पर्व

चार साहिबजादों की शहादत को ध्यान में रखते हुए आतिशबाजी नहीं की जाए गी और केवल दीपमाला के माध्यम से प्रकाश पर्व मनाया जा रहा है, जिसकी संगतों ने सराहना की। संगतों के दर्शन-दीदार के लिए जलो साहिब भी सजाए गए।

गुरुद्वारे में माथा टेकने पहुंचे श्रद्धालुओं ने कहा कि दो महान दिवस एक साथ आने से श्रद्धा और भी बढ़ गई है। अंत में सिख संगत से अपील की गई कि वे सिख इतिहास को जानें, अमृत छकें और गुरु गोबिंद सिंह जी द्वारा दिखाए गए मार्ग पर चलकर अपने जीवन को सफल बनाएं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *